जालंधर (नीरज जिंदल) पंजाब पुलिस तथा पंजाब सरकार यहां अपराधी गतिविधियों में शामिल क्रिमिनल लोगों के खिलाफ लगातार कार्रवाई करते हुए राज्य को शांतमय माहौल देने की कोशिश में लगी हुई हैं। वहीं दूसरी और क्रिमिनल व अपराधी गतिविधियों में शामिल अमरीक नगर का रहने वाला एक सब्जी वाले का परिवार चर्चाओं में है। शराफत की सूरत बना कर कम बड़े बड़े कर बैठे हैं। जानकारों के मुताबिक क्रिमिनल बेटों की पहुंच अब गैंगस्टरों को अवैध हथियारों की सप्लाई देने तक पहुँच चुकी हैं जिसकी जानकारी तो जालंधर कमिश्नरेट पुलिस को है लेकिन उक्त आरोपियों को पुलिस पकड़ नहीं पा रही।
👉 आइए बताते हैं कौन है सब्जी वाला : सब्जी वाला थाना रामा मंडी के अधीन पड़ते मोहल्ला अमरीक नगर में एक किराए के मकान में रहने वाला क्रिमिनल मामलों में शामिल परिवार का मुखिया है जानकारों के मुताबिक जो मकसूदा सब्जी मंडी में सब्जी की आड़ में डोडा पोस्त बेचता देखा जा सकता हैं। जिस का पेशा हमेशा से बच्चों को गलत शिक्षा देकर बिगाड़ने का रहा है चाहे बच्चों को अच्छी शिक्षा देने से लेकर उसे हर बुरे काम से रोकने का हो, जनाब के किस्से बड़े मशहूर रहे हैं कई बच्चों को नशे के काम में धकेलन वाले, कईयों से गली गली में नशा बिकाने वाले के यह साथी साहिब आज कल नशा तस्करों व गुंडागर्दी करने वाले व हत्या की कोशिश तथा अवैध हथियारों की सप्लाई कराने वालों से सबंधों को लेकर चर्चा में हैं। यहां युवाओं को अच्छी शिक्षा का पाठ और रोजगार चाहिए। वहां यह बच्चों को नशे की गोलियां, हेरोइन की पुड़िया, शराब की बोतले थमाने वालों के सारथी बन हर छोटा बड़ा अवैध काम करा कर अपने आप में वाहवाही लूट रहे है।
इसके गलत व्यवहार व इसकी और से दी गई गलत शिक्षा का परिणाम यह निकला कि आज इसके क्रिमिनल लड़के चंद पैसों की खातिर हर छोटे बड़े क्राइम करते आम देखें जा सकते हैं।
आप को बता दें कि क्रिमिनल परिवार के मुखिया तथा दो क्रिमिनल लड़कों पर शहर के अलग-अलग थानों जैसे 2 नंबर, 3 नंबर व राम मंडी में संगीन धाराओं में अनगिनत मामले दर्ज है। ताजा मामला बीते दिनों Attempt To Murder का थाना तीन में दर्ज हुआ था जिसमें गुंडागर्दी का सरेआम नंगा नाच करते हुए होम मेड तैयार किये गए हथियारों से एक लड़के को बुरी तरह मार कर घायल किया गया था।
जालंधर के एक पूर्व ACP के पास है हथियारों की सप्लाई करने वालों का पूरा है रिकॉर्ड, जानकारों की माने तो जालंधर नॉर्थ में मौजूदा ACP अशोक मीणा से पहले कार्यत ACP संजय सर जो अब बदल चुके हैं उनके पास इनके क्रिमिनल लड़कों की पूरा रिकॉर्ड है जिसमें जिक्र है कि यह कहा से हथियार लाते हैं और कहां कहां सप्लाई करते हैं।
👉पुलिस कमिश्नर माननीय धनप्रीत कौर मैडम अगर गौर करें तो अवैध हथियारों की सप्लाई के नेटवर्क को किया जा सकता हैं बेनकाब
अगर जालंधर के माननीय पुलिस कमिश्नर धनप्रीत कौर की और से इस मामले में किसी सीनियर अधिकारी को जांच का आदेश दिया जाता है तो बड़े स्तर पर पंजाब में अवैध हथियारों की सप्लाई करने वाले नेटवर्क का यकीनी पर्दाफाश किया जा सकता हैं।
👉कड़ी धर कड़ी जोड़कर आपसी लिंको को खंगाला जाए तो पंजाब में हुई बड़ी वारदातों को किया जा सकता हैं हल
आप को बता दें कि अगर जालंधर पुलिस कमिश्नर कड़ी धर कड़ी जोड़कर बारीकी से आपसी लिंको को खंगाले तो पंजाब में हर वोह छोटी बड़ी वारदात को ट्रेस किया जा सकता हैं जो इन के बेचे गए अवैध हथियारों के बल पर की गई हैं।
👉देश व राज्य की जांच एजेंसियां अगला पिछला रिकॉर्ड खंगाले तो पूरे गिरोह का बच पाना मुश्किल
आप को बता दें कि जांच एजेंसियां जैसे राज्य की पुलिस तथा स्पेशल टास्क फोर्स (STF), अपराध शाखा (CRIME BRANCH) और राष्ट्रीय अन्वेषण अभिकरण (NIA) जो देश व राज्यहित में पूरी ईमानदारी और लगन से कार्यरत हैं तथा अपराधी गतिविधियां जैसे नशा तस्करी रोकने तथा अवैध हथियारों की चेन को पकड़ने, विदेशी फंडिंग का पर्दाफाश करने, गैंगस्टरों के गिरोह को बेनकाब करने में सक्रियता से काम करती हैं। अगर यह मामला उनके ध्यान में आता है या लाया जाता हैं, तो एजेंसियों की ओर से इस मामले में अगले पिछले सभी रिकॉर्ड खंगाला जाए और कड़ी धर कड़ी जोड़कर बारीकी से जांच की जांच की जाए तो ऐसे में बार बार क्राइम व अवैध हथियारों का कारोबार करने वाले गिरोह को आसानी से दबोचा जा सकता है।
👉जो साक्ष्य पूर्व ACP नॉर्थ को मिले हैं अगर एजेंसियां उन पर बारीकी से काम करती हैं तथा अपराधी गतिविधियों में शामिल गिरोह के लोग तथा आसपास के आपसी अपराधी लिंको पर नजर रख कर यह जांच करती हैं कि अपराध करने वाले का अपराधी गतिविधियों व संगीन धाराओं में शामिल क्रिमिनल लोग साथ तो नहीं दे रहे, जांच परख के बाद अगर यह निचोड़ निकलता है कि क्राइम करने वाला एक के बाद एक क्राइम लगातार किसी के गैंग के इशारे पर और किसी गैंग को फायदा देने के लिए कर रहा हैं, तो ऐसे में बड़े नेटवर्क को बेनकाब किया जा सकता हैं।
👉आप को बता दें कि एक बार किया गया अपराध तो जाने अनजाने में हो सकता है लेकिन बार बार किए जाने वाला अपराध पेशेवर अपराध कि श्रेणी में आता है।
एजेंसियां अगर गौर से देखे कि एक व्यक्ति बार बार क्राइम कर रहा है क्राइम करने वाले की मदद भी संगीन धाराओं में शामिल लोग या उनके गिरोह के करीबी अपराधी साथियों की और से की जा रही, तो ऐसे में अपराधी गतिविधियों को अंजाम देने वालों का बच पाना मुश्किल है। आपको बता दें कि अगर यहां एजेंसियों की इंट्री होती हैं तो पंजाब में जालंधर से अवैध हथियारों की सप्लाई करने वाली गैंग का भंडाफोड़ यकीनी हैं।
👉मुखमंत्री भगवंत मान के नोटिस में जालंधर नॉर्थ के डेलीगेट लाए थे सारा मामला, लेकिन मामला दर्ज होने के बाद आरोपी अभी भी चल रहे हैं फरार
आपको बता दें कि जनवरी में जालंधर नॉर्थ का एक डेलीगेट दिनेश ढल जी के बेटे पार्थ ढल की अगुवाई में माननीय मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान से मिला था और मुख्यमंत्री साहिब के आगे जालंधर नॉर्थ में गुंडागर्दी व नशे का कारोबार करने वालों के खिलाफ बाय नेम शिकायत दी गई थी जिस पर पंजाब के मुख्यमंत्री ने पुलिस कमिश्नर धनप्रीत कौर को कार्रवाई के सख्त आदेश दिए थे । पुलिस कमिश्नर के आदेश पर तब थाना नंबर 3 में एफ. आई. आर. नंबर 06/2026 ATTEMPT TO MURDER की संगीन धाराओं के साथ एन.डी.पी.एस. एक्ट के तहत 21-61-85 तथा 115(2), 118(1), 351(2), 190, 191 (3) 117 (2) के तहत दर्ज की गई।
लेकिन थाना नंबर 3 की पुलिस हत्या के प्रयास के मामले में पुलिस से वांटेड चल रहे नामवर अपराधियों को अभी तक पकड़ने में नाकाम साबित रही, कुछ की बेल माननीय हाई कोर्ट से डिसमिस हो चुकी हैं कुछ SESSION कोर्ट से रिजेक्ट होने के बाद ANTICIPTORY बेल ले आए। अब यहां सोचने की बात है कि इतनी गंभीर धाराओं में दर्ज मामलों में आरोपियों को क्यों नहीं पकड़ा जाता ? क्या कोई प्रेशर या राजनीति दखल अंदाजी यह भी जांच का पहलू बना हुआ है।
जनवरी में ACP नॉर्थ संजय सर और ADCP मैडम आकर्षि जैन जी के पास हथियार सप्लाई करने वालों के पूरे इनपुट थे कि इस गैंग के कौन कौन से सदस्य यूपी से अवैध हथियार लाकर जालंधर और आसपास में सप्लाई देते हैं लेकिन पुलिस के इस काम के बीच ACP संजय सर की बदली NARCOTIC CELL में हो जाती हैं और उनकी जगह ACP अशाेक मीणा जी चार्ज संभालाते है जिससे इस कार्रवाई का आपसी समन्वय टूट जाता हैं और हथियारों की सप्लाई करने वाला मुद्दा बीच में अटक जाता है। अब पुलिस के दो जाबाज़ ऑफिसर ACP संजय (NARCOTIC CELL) तथा ACP जालंधर NORTH अशोक मीणा जी मिल कर जांच करे तो आरोपियों से हथियारों की खेप बरामद की जा सकती हैं।
उजाला केसरी की टीम को जो जानकारी मिली है उसके अनुसार लोगो का कहना कि उक्त परिवार के नामी नशा तस्करों से लेकर गैंगस्टरों से संबंध, पुलिस के पास पूरी अवैध हथियार सप्लाई करने की जानकारी फिर ऐसे अपराधी पुलिस पकड़ से दूर कैसे ! क्या स्थानीय स्तर पर कोई दवाब या प्रेशर ?
👉जनता का सवाल स्थानीय स्तर पर कौन दे रहा है संरक्षण ? कौन कर रहा हैं अपराधियों का बचाव ? क्या जालंधर और पंजाब के सीनियर पुलिस अधिकारियों को इस मामले की नहीं है जानकारी ?
आप को बता दें कि अगर जालंधर पुलिस गहराई से जाँच करती है तो आने वाले दिनों में जालंधर कमिश्नरेट पुलिस हथियारों की सप्लाई के नेटवर्क के साथ साथ नशे के बड़े तस्करों को बेनकाब कर सकती हैं जिन पर कई क्रिमिनल मामले चल रहे हैं।